प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को जालंधर में स्कूली विद्यार्थियों के साथ कुछ समय व्यतीत किया। अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत देशभर में 75 रेलवे स्टेशनों का नवीनीकरण का उद्घाटन करने से पहले प्रधानमंत्री ने अमृतसर के छेहराटा से वाराणसी तक जाने वाली ट्रेन को झंडी दिखाकर रवाना किया।
यह ट्रेन शुरू करने को लेकर पंजाब के दलित समुदाय की वर्षों से मांग चल रही थी। प्रधानमंत्री मोदी ने फरवरी माह के दौरान जालंधर के डेरा सच्चखंड बल्लां में दलितों को यह ट्रेन शुरू करने का भरोसा दिया था। शुक्रवार को प्रधानमंत्री जब ट्रेन को भीतर से देखने के लिए सवार हुए, तो उसमें सवार यात्री उत्साहित हो गए। प्रधानमंत्री ने उत्साह व प्रेम को स्वीकार करते हुए यात्रियों से ट्रेन के संबंध में बातचीत की। प्रधानमंत्री ने ट्रेन में सवार स्कूली छात्राओं से उनके अनुभव जाने। माहौल उस समय भावुक हो गया, जब एक छात्रा ने प्रधानमंत्री से ऑटोग्राफ मांगा, लेकिन न तो उसके पास पैन था और ही पेपर था। ऐसे में प्रधानमंत्री मोदी ने छात्रा की कैप लेकर अपने पैन से उस पर ऑटोग्राफ दिया।
इसके बाद प्रधानमंत्री मोदी ने ट्रेन में सफर कर रहे डेरा सच्चखंड बल्लां के संत निरंजन दास व रविदासिया समाज के लोगों से मुलाकात की। रेल में सवार पहले यात्रियों ने ध्वनि मत से प्रधानमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि अब उनके लिए रविदास जयंती समारोहों पर वाराणसी जाना आसान हो गया है। संत निरंजन दास व ट्रेन में सवार कई लोगों ने प्रधानमंत्री को गमछा व फूल देकर उनका स्वागत किया। बहुत से लोग यह ट्रेन शुरू होने के अवसर पर भावनात्मक रूप से भावुक भी नजर आए।