नई दिल्ली, 10 अगस्त । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को मुक्केबाज लवलीना बोरगोहेन की देशभक्ति की भावना की सराहना की। लवलीना ने 2026 राष्ट्रमंडल खेलों के दौरान ग्लासगो के एक रेस्तरां में भारत का विकृत नक्शा प्रदर्शित किए जाने पर आपत्ति जताई थी। प्रधानमंत्री ने भारतीय पदक विजेताओं के साथ अपने आवास पर हुई बातचीत के दौरान इस घटना का उल्लेख करते हुए लवलीना के जज्बे की प्रशंसा की।
प्रधानमंत्री ने सोमवार को अपने यूट्यूब चैनल पर साझा किए गए वीडियो में लवलीना से रेस्तरां में हुई घटना के बारे में पूछा। उन्होंने मजाकिया अंदाज में पूछा कि क्या वह रेस्तरां के कर्मचारियों से इस मुद्दे पर उलझ गई थीं। इसके जवाब में लवलीना ने बताया कि प्रतियोगिता के अंतिम दिन भारतीय खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन के बाद वह भावुक थीं। रेस्तरां में भारत का गलत नक्शा देखकर उन्होंने कर्मचारियों से इस बारे में बात की और उसे बदलने का आग्रह किया।
लवलीना ने बताया कि भारतीय खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन के कारण वहां बड़ी संख्या में भारतीय मौजूद थे। ऐसे में उन्हें भारत का विकृत नक्शा देखकर बुरा लगा और उन्होंने रेस्तरां कर्मचारियों से दृढ़ता से अपनी बात रखी। कर्मचारियों ने उनकी बात मान ली और बाद में नक्शे में बदलाव कर दिया गया।
प्रधानमंत्री ने इस घटना को खिलाड़ियों के भीतर देश के प्रति गहरे सम्मान का उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि पदक जीतने के बाद खुशी और जश्न के माहौल में भी लवलीना का भारत के नक्शे पर ध्यान जाना दिखाता है कि देश के प्रति भावना केवल पदक लेते समय दिखाई देने वाली चीज नहीं है, बल्कि खिलाड़ियों के भीतर गहराई से मौजूद है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि लवलीना का यह वीडियो लंबे समय तक याद रखा जाएगा।
भारतीय मुक्केबाजों के प्रदर्शन की भी तारीफ
प्रधानमंत्री ने राष्ट्रमंडल खेलों में भारतीय मुक्केबाजों के शानदार प्रदर्शन की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि अब दुनिया भर के खिलाड़ी भारतीय मुक्केबाजों से डरने लगे हैं। इस पर लवलीना ने कहा कि भारतीय मुक्केबाजों ने लगातार शानदार प्रदर्शन कर मजबूत प्रभाव छोड़ा। उन्होंने बताया कि एक के बाद एक स्वर्ण पदक आने से अंतिम दौर में भारतीय टीम का प्रदर्शन बेहद शानदार रहा।
लवलीना ने भारतीय खेलों में सुधार के लिए खेलो इंडिया पहल की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि कई युवा खिलाड़ी खेलो इंडिया योजना के जरिए सामने आए हैं और इससे सभी खेलों में बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है।
राष्ट्रमंडल खेलों में भारत का ऐतिहासिक प्रदर्शन
ग्लासगो में हुए राष्ट्रमंडल खेल 2026 में भारत ने मुक्केबाजी में इतिहास रचते हुए पदक तालिका में शीर्ष स्थान हासिल किया। भारतीय मुक्केबाजों ने सात स्वर्ण और तीन रजत सहित कुल 10 पदक जीते। यह राष्ट्रमंडल खेलों में मुक्केबाजी में भारत का अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है।
भारत ने कुल 39 पदकों के साथ ग्लासगो राष्ट्रमंडल खेलों का अभियान समाप्त किया, जिसमें 13 स्वर्ण, 17 रजत और नौ कांस्य पदक शामिल रहे। भारत पदक तालिका में चौथे स्थान पर रहा।
11 दिनों तक चले ग्लासगो राष्ट्रमंडल खेलों के समापन के बाद स्कॉटलैंड ने राष्ट्रमंडल खेलों का ध्वज और औपचारिक बैटन भारत को सौंपा। भारत 2030 में अहमदाबाद में राष्ट्रमंडल खेलों के ऐतिहासिक शताब्दी संस्करण की मेजबानी करेगा।